भारत ने तुर्की और मलेशिया की सरकार को दिया जवाब, कहा- जम्मू-कश्मीर भारत का आंतरिक मामला
   04-अक्तूबर-2019

 
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने शुक्रवार को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। जहां पर उन्होंने तुर्की और मलेशिया देश की सरकारों को जवाब देते हुये कहा कि जम्मू-कश्मीर भारत का आंतरिक मामला है। दरअसल बीते दिनों न्यूयॉर्क में हुये यूएन जनरल असेंबली में तुर्की के राष्ट्रपति रजब तैयब एर्दोआन और मलेशिया के प्रधानमंत्री महाथिर बिन मोहम्मद ने अपने संबोधन में भारत के ऊपर जम्मू-कश्मीर को लेकर टिप्पणी की थी।
 
 
 
 
 
रवीश कुमार ने मलेशिया सरकार को जवाब देते हुये कहा कि उन्हें भारत-मलेशिया के मैत्रीपूर्ण संबंध के बारे में सोचना चाहिये और ऐसी टिप्पणी करने से बचना चाहिये। मलेशिया के प्रधानमंत्री महाथिर ने अपने संबोधन में कहा था कि जम्मू-कश्मीर के ऊपर हमला किया गया है। हालांकि उनके इस बयान के बाद ट्वीटर यूजर्स ने भी उन्हें खूब ट्रोल किया था। काफी समय तक ट्वीटर पर #Boycottmalaysia ट्रेंडिंग में था।
 
रवीश कुमार ने तुर्की सरकार को भी जवाब देते हुये कहा कि उन्हें कोई भी बयान देने से पहले जमीनी स्थिति जान लेनी चाहिये, उसके बाद कोई बयान देना चाहिये। उन्होंने तुर्की सरकार से यह भी कहा कि जम्मू-कश्मीर का मुद्दा भारत का आंतरिक मामला है। तुर्की के राष्ट्रपति रजब तैयब एर्दोआन ने भी अपने संबोधन में जम्मू-कश्मीर का मुद्दा उठाकर भारत पर टिप्पणी की थी।
 
वहीं भारत के तरफ से आधिकारिक रुप से पहले से तय था कि भारत यूएन में जम्मू-कश्मीर मुद्दे पर कोई बात नहीं करेगा। इसीलिये रवीश कुमार ने यूएन में जम्मू-कश्मीर को लेकर भारत के ऊपर किये गये टिप्पणी का अब जवाब दिया है।