
नई दिल्ली : पाकिस्तान ने एक बार फिर अपनी नापाक हरकतों को अंजाम देते हुए अफगानिस्तान में हवाई हमला किया है। गुरुवार तड़के करीब 3-4 बजे कुनार और हेलमंद प्रांत के रिहायशी इलाकों में बमबारी की है। ख़बरों के मुताबिक इस हमले में अब तक 9 लोगों के मारे जाने की खबर है। जबकि दर्जनों लोग घायल बताएं जा रहे हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक मरने वालों में काफी संख्या में महिलाएं व मासूम बच्चे शामिल हैं। हर बार की ही तरह पाकिस्तान अपने इस कायराना हमले को आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई बताकर अपना पल्ला झाड़ चुका है।
जबकि तालिबान सरकार ने पाकिस्तान के इस हवाई हमले को क्षेत्रीय अखंडता और संप्रभुता का उल्लंघन बता रहा है। तालिबान ने स्पष्ट शब्दों में इन हमलों का गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी है।
हालाँकि ये पहली बार नहीं है जब रात के अँधेरे में पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के रिहायशी इलाकों में बम बरसाए हों.. इससे पहले भी अनेकों बार पाकिस्तानी फ़ौज ने हमले को अंजाम दिया है.
कब कब हुआ हमला ?
- 21-22 फरवरी : नंगरहार, पक्तिया, कुनार पर एयरस्ट्राइक
- 27 फरवरी : काबुल, कंधार, पक्तिया में हमला
- 28 फरवरी : काबुल, खोस्त, कंधार, जलालाबाद में एयरस्ट्राइक
- 4 मार्च : कंधार, कुनार में एयरस्ट्राइक
- 8 मार्च : तोर्खम में मिसाइल हमला
- 13 मार्च : काबुल, कंधार, पक्तिया पर एयरस्ट्राइक
- 16 मार्च : काबुल में एयरस्ट्राइक
- 18 मार्च : कुनार और सीमा क्षेत्र में मिसाइल हमला
- 28-29 जून : पक्तिया, कुनार एयरस्ट्राइक
- 21 सितंबर : कुनार, पक्तिका में दोबारा एयरस्ट्राइक
- 24 सितंबर : 10 जगहों पर एयरस्ट्राइक
सितंबर 2025 से सितंबर 2026 के बीच पाकिस्तान की ओर से अफगानिस्तान में कम से कम 15 हवाई/ड्रोन हमले किये जा चुके हैं। इन हमलों में 364 नागरिकों की मौत और 346 के घायल होने की रिपोर्ट दर्ज है।
हालाँकि हर बार इस्लामाबाद अपना वही पुराना राग अलापता है कि हमनें अफगानिस्तान में मौजूद TTP और दूसरे आतंकी समूह को निशाना बनाया है। जबकि काबुल इन आरोपों से इनकार करता है और पाकिस्तानी हमलों को अफगान संप्रभुता का उल्लंघन बताता है। यहाँ तक कि हर बार सबूत के साथ इन हमलों की तस्वीर भी पेश करता है कि कैसे पाकिस्तान रिहायशी इलाकों को अपना निशाना बनाता है।
पाकिस्तान करा रहा आतंकियों की घुसपैठ
इसी तनाव के बीच 27 सितंबर 2026 को अफगान रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि पाकिस्तान बड़ी संख्या में ISIS से जुड़े आतंकियों को नूरिस्तान में घुसपैठ करा रहा है। इस दौरान करीब 28 आतंकियों के मारे जाने और करीब 32 को गिरफ्तार किये जाने की भी बात सामने आई। यह सभी आतंकी इस्लामिक स्टेट से जुड़े थे, जिनका मकसद अफ़ग़ानिस्तान में आतंकवाद को बढ़ावा देना था।
बहरहाल, इन घटनाक्रम को देखकर साफ़ अंदाजा लगाया जा सकता है कि पाकिस्तान सिर्फ अफगानिस्तान की सीमा में घुसकर हमले ही नहीं कर रहा है बल्कि सीमापार आतंकवाद को भी बढ़ावा दे रहा है। ताकि वो एक तरफ से हवाई हमले कर के मासूम निर्दोषों को अपना निशाना बनाता रहे, और दूसरी तरफ खुद के भेजे आतंकियों द्वारा अशांति का माहौल पैदा करे।